हमारे बारे में

महाराणा फाउंडेशन की कहानी, इतिहास एवं उद्देश्य

हमारी स्थापना

परंपरा, संगठन और सेवा की मिसाल

महाराणा फाउंडेशन की स्थापना समाज के समर्पित सदस्यों द्वारा इस उद्देश्य से की गई कि राजपूत समाज एक सशक्त, संगठित एवं सेवाभावी मंच पर एकजुट हो सके। महाराणा प्रताप के अदम्य साहस एवं स्वाभिमान की प्रेरणा से, फाउंडेशन समाज के हर वर्ग — बालक, युवा, महिला एवं वृद्ध — के कल्याण हेतु निरंतर प्रयासरत है।

आज महाराणा फाउंडेशन देशभर के कई जिलों में अपनी शाखाओं के माध्यम से शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, वैवाहिक सहायता एवं सामाजिक कल्याण कार्यक्रम संचालित करता है। हमारा प्रत्येक कार्यक्रम पारदर्शिता, समर्पण एवं सामूहिक सहभागिता पर आधारित है।

फाउंडेशन इतिहास
हमारी यात्रा

फाउंडेशन का सफर

2014
फाउंडेशन की स्थापना

उदयपुर में मुठ्ठीभर समर्पित सदस्यों द्वारा फाउंडेशन की शुरुआत हुई।

2017
शिक्षा कार्यक्रम का प्रारंभ

जरूरतमंद विद्यार्थियों हेतु छात्रवृत्ति एवं मार्गदर्शन कार्यक्रम आरंभ किए गए।

2019
वैवाहिक सहायता सेवा शुरू

समाज में सम्मानजनक वैवाहिक परिचय सेवा की स्थापना की गई।

2022
बहु-राज्य विस्तार

फाउंडेशन की शाखाएं राजस्थान सहित कई राज्यों में स्थापित हुईं।

2026
12,500+ परिवारों से जुड़ाव

आज फाउंडेशन देशभर में हजारों परिवारों के साथ सेवा कार्य में संलग्न है।

पारदर्शिता

सभी सेवा कार्य एवं दान राशि का पूर्ण लेखा-जोखा समाज के समक्ष प्रस्तुत किया जाता है।

सामूहिकता

हर निर्णय एवं कार्यक्रम समाज के सदस्यों की सहभागिता से तय किया जाता है।

संस्कार

परंपरा एवं संस्कारों के संरक्षण को हम अपनी सबसे बड़ी जिम्मेदारी मानते हैं।